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फेसबुक हमारी लाइफ में सिर्फ एक सोशल नेटवर्किंग साइट नहीं रह गई है बल्‍कि कई लोग तो फेसबुक के बिना एक पल नहीं र‍ह सकते। लेकिन फेसबुक को लेकर कई बार इंटरनेट पर सुरक्षा को लेकर सवाल उठते रहे हैं लेकिन इसमें काफी गलती उन यूजरों की भी होती है जो बिना सोंचे समझे अपनी पर्सनल जानकारी फेसबुक में डाल देते हें। जबकि फेसबुक के साथ कभी भी हमें अपनी कोई भी निजी जानकारी किसी दूसरी सोशल नेटवर्किंग साइट में नहीं डालनी चाहिए। इसके अलावा कई जरूरी बातें हैं जो हमें फेसबुक पर कभी भी अपडेट नहीं करनी चाहिए.

फेसबुक आज एक जाना माना नाम है फेसबुक का यूज़ काफी बड रहा है लोगो के बहुत काम अ रहा है.फेसबुक अब आपकी एक और जानकारी जुटाने में लग गया है. अब फेसबुक आपकी सामाजिक-आर्थिक हैसियत को तीन अलग-अलग वर्गों में विभाजित करने की तैयारी में है. ये वर्ग हैं – कामकाजी वर्ग, मध्य वर्ग और उच्च वर्ग.

फेसबुक का यह आवेदन स्वीकार हो गया तो वह जल्द बता देगा कि आप अमीर हैं या गरीब...

डेलीमेल की रिपोर्ट में शनिवार को बताया गया कि पेटेंट के मुताबिक, सोशल मीडिया दिग्गज एक ऐसी प्रणाली बनाना चाहती है तो यूजर्स के निजी आंकड़ों को इकट्ठा कर उनका विश्लेषण कर उसकी सामाजिक-आर्थिक हैसियत का अंदाजा लगा सकती है. इन निजी आंकड़ों में शिक्षा, मकान-स्वामित्व और इंटरनेट का इस्तेमाल भी शामिल हैं.इस पेटेंट को शुक्रवार को सार्वजनिक किया गया. इसमें एक ऐसे एल्गोरिदम का सुझाव दिया गया है, जो फेसबुक की क्षमताओं में सुधार कर सकता है, जिससे वह यूजर्स को अधिक प्रासंगिक विज्ञापन दिखा सकेगा.पेटेंट में कहा गया, “अपने यूजर्स के सामाजिक-आर्थिक हैसियत का अंदाजा लगाने से उसे (फेसबुक) थर्ड पार्टी के विज्ञापन लक्षित यूजर्स तक पहुंचाने में मदद मिलेगी.

फेसबुक एक ऐसा प्‍लेटफार्म है जहां पर हम सभी एक दूसरे से अपनी खुशी और गम शेयर करते हैं लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि आप अपनी निजी जानकारी भी फेसबुक में शेयर करने लगें क्‍योंकि यहां पर आपकी निजी जानकारी निजी नहीं रह जाती बल्‍कि वो कई लोगों के सामने आ चुकी होती है। भले ही आप अपनी निजी जानकारी किसी भरोसे वाले इंसान को शेयर कर रहे हों लेकिन उसकी प्रोफाइल से कैसे लोग जुड़े हुए है इसके बारे में आप पता नहीं कर सकते। इसलिए अपनी निजी जानकारी फेसबुक में कभी भी शेयर न करें।

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